अपनी बेहद अलग और दिलकश आवाज से लोगो का दिल जीत लेने वाली सिंगर उषा उथुप की गायकी ने  एक अलग पहचान हासिल की है

दम मारो दम, दोस्तों से प्यार किया, और रम्बा हो हो हो जैसे गानों से दर्शकों को झूमने पर मजबूर करने वाली उषा उथुप का सफर इतना आसान नहीं था. 

 पॉप सिंगिंग को अलग मुकाम तक ले जाने वाली 'उषा दी' कभी नाइटक्लब में गाना गाया करती थीं.

उषा जी को उनके खास लुक्स के लिए भी जाना जाता है.

सिल्क की साड़ी के साथ माथे पर बड़ी सी बिंदी और बालों में गजरा लगाए उषा उथुप का लुक हर भारतीय के आंखों में समाया हुआ है. 

महज 20 साल की उम्र में चेन्नई और कोलकाता के नाइट क्लब में गाना गाने वाली उषा दी की काबिलियत को सबसे पहले एक्टर शशि कपूर ने पहचाना था. 

दिल्ली के ओबरॉय होटल में गाना गाते वक्त शशि कपूर ने उषा उथुप को देखा और उन्हें गाना ऑफर किया.

ऊषा जी ने पहली बार 1970 में आई फिल्म बाम्बे टॉकीज में गाना गाया था. 

इसके बाद फिल्म 'हरे रामा हरे कृष्णा' ऊषा ने आशा भोसले के साथ 'दम मारो दम' गाना गाया.

इसके बाद फिल्म 'शान', 'शालीमार', वारदात','अरमान',  'प्यारा दुश्मन', 'डिस्को डांसर', 'अरमान', 'दौड़', 'भूत', 'जॉगर्स पार्क' और 'हैट्रिक' जैसी फिल्मों में गीत गाकर उन्होंने खूब तारीफे बटोरी.